
ब्रज का दुलारा है ,सखियन का प्यारा है
यशोदा की अंखियन का तारा ,,वो है हमारा कन्हैया
वृषभान दुलारी का प्राण-प्रिय ,नन्द का दुलारा है
वृज का रखवारा दुष्टों का तारनहारा है ,
किन नामो से उसको पुकारे ना जाने यह जी हमारा है?
गोवर्धनधारी ,गिरधारी ,माखनचोर और कृष्ण मुरारी
असंख्य नाम है उसके ,सहस्त्र्रूप्धारी है वो हमारा कृष्ण मुरारी...
रोशी अग्रवाल,
1 टिप्पणी:
वृन्दावन का कृष्ण कन्हैया, सबकी आँखों का तारा।
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